मुंबई से एक अजीबो-गरीब घटना सामने आई है जिसने रेलवे सुरक्षा व्यवस्थाओं पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं। सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहे एक वीडियो में एक महिला एक्सप्रेस ट्रेन के एसी कोच में चार्जिंग प्वाइंट पर इलेक्ट्रिक केतली लगाकर नूडल्स और चाय बनाती नजर आ रही है। वीडियो सामने आते ही रेलवे विभाग हरकत में आ गया है और महिला के खिलाफ कानूनी कार्रवाई की तैयारी शुरू हो गई है। रेलवे का स्पष्ट कहना है कि ट्रेन में इस तरह के हीटिंग उपकरणों का उपयोग पूरी तरह प्रतिबंधित है और यह किसी भी समय बड़ी दुर्घटना का कारण बन सकता है।
वीडियो हुआ वायरल, रेलवे को भेजी गई शिकायतें
रेलवे अधिकारियों के मुताबिक, यह वीडियो सबसे पहले एक इंस्टाग्राम अकाउंट पर अपलोड किया गया। क्लिप में संबंधित महिला घरेलू इलेक्ट्रिक केतली को एसी कोच के चार्जिंग प्वाइंट में लगाकर नूडल्स उबालती नजर आती है। वीडियो में वह मजाकिया लहजे में कहती है कि वह कहीं भी “किचन सेट” कर सकती है और 15 लोगों के लिए चाय बनाने में सक्षम है। वायरल होते ही इस वीडियो पर लाखों व्यू आ गए और कई यूजर्स ने इसे टैग करते हुए रेलवे से शिकायत की। इसके बाद रेलवे ने महिला और उसके सोशल मीडिया अकाउंट की पहचान तथा लोकेशन ट्रेस करने की प्रक्रिया शुरू कर दी।
हीटिंग डिवाइस पर पूर्ण प्रतिबंध
सेंट्रल रेलवे ने स्पष्ट किया है कि ट्रेन में किसी भी तरह के हीटिंग उपकरण—चाहे वह इलेक्ट्रिक केतली हो, रॉड हो या इंडक्शन—का उपयोग पूरी तरह बैन है। रेलवे अधिकारियों का कहना है कि कोच में लगे चार्जिंग सॉकेट केवल लो-पावर डिवाइस जैसे मोबाइल और लैपटॉप के लिए डिज़ाइन किए गए हैं। ऐसे में 1000 से 2000 वॉट तक लोड खींचने वाले हीटिंग उपकरण लगाने से शॉर्ट सर्किट, आग लगने या कोच की लाइटिंग और एसी सिस्टम फेल होने की आशंका बढ़ जाती है। कोच में सुरक्षा से संबंधित चेतावनी स्टिकर लगे होने के बावजूद इस तरह की घटनाएं पहले भी सामने आती रही हैं, जिससे रेलवे अधिकारियों की चिंता और बढ़ गई है।
कानूनी कार्रवाई की तैयारी
रेलवे ने संकेत दिया है कि इस मामले में महिला पर रेलवे एक्ट की धारा 147(1) के तहत कार्रवाई की जा सकती है, जिसमें रेलवे संपत्ति का दुरुपयोग, नियमों का उल्लंघन या किसी भी प्रकार की जोखिमपूर्ण गतिविधि करने पर दंड का प्रावधान है। अधिकारियों ने बताया कि वायरल वीडियो के आधार पर महिला की टिकट डिटेल, कोच के सीसीटीवी फुटेज और सोशल मीडिया रिकॉर्ड की जांच की जा रही है। रेलवे ने यात्रियों को सख्त चेतावनी भी जारी की है कि इस तरह की गतिविधियां न सिर्फ अवैध हैं, बल्कि यात्री सुरक्षा के लिए गंभीर खतरा पैदा करती हैं। उल्लंघन करने वालों पर जुर्माना, हिरासत या अन्य दंडात्मक कार्रवाई की जा सकती है।
रेलवे ने जनता से अपील की है कि यात्रा के दौरान किसी भी प्रकार के जोखिम भरे उपकरणों का उपयोग न करें और सुरक्षा दिशा-निर्देशों का पालन करें, ताकि सभी यात्रियों की सुरक्षित यात्रा सुनिश्चित हो सके।