ठाणे में दिनानाथ दुधसागरे का सेवा संपूर्ति समारोह संपन्न

ठाणे। कल्याण पश्चिम स्थित रौनक सिटी क्लब के सभागार में विभाग निरीक्षक तथा केंद्र प्रमुख (गोवेली) दिनानाथ लक्ष्मण दुधसागरे के सेवा संपूर्ति उपलक्ष्य में भव्य समारोह आयोजित किया गया। 38 वर्षों की अखंड शैक्षणिक सेवा पूर्ण करने पर आयोजित इस कार्यक्रम में शिक्षा, प्रशासन और सामाजिक क्षेत्र से जुड़े अनेक गणमान्य उपस्थित रहे।

समारोह का शुभारंभ प्रख्यात गायक संजय वाघ के सुरीले गीतों से हुआ, जिससे कार्यक्रम का वातावरण भावपूर्ण और उत्साहपूर्ण बन गया। मुख्य अतिथि के रूप में कल्याण पंचायत समिति की गटशिक्षणाधिकारी मोटघरे मैडम उपस्थित थीं। विशेष अतिथियों में बृहन्मुंबई महानगरपालिका के मुख्य कार्यकारी अभियंता महेंद्र उबाले, सेवा निवृत्त नायब तहसीलदार अशोक दुधसागरे, पालघर के डिप्टी कलेक्टर महेश दुधसागरे तथा रामबाग के नगरसेवक गणेश जाधव शामिल थे।

कार्यक्रम में दुधसागरे और वाघ परिवार के सदस्य, स्नेहीजन तथा विभिन्न क्षेत्रों के मान्यवर बड़ी संख्या में उपस्थित रहे। सभी अतिथियों ने सत्कार मूर्ति दिनानाथ दुधसागरे का शाल, श्रीफल और स्मृति चिन्ह देकर अभिनंदन किया। वक्ताओं ने अपने संबोधन में दुधसागरे द्वारा निभाई गई 38 वर्षों की निष्ठावान और समर्पित सेवा का उल्लेख करते हुए उनके कार्यकाल की सराहना की।

उनके मामा तथा बाल सखा प्रशांत जगताप ने भावुक शब्दों में शुभकामनाएं दीं। बौद्ध महासभा के प्रबुद्ध गायकवाड ने अपने भाषण में दुधसागरे के व्यक्तित्व और कर्तृत्व पर प्रकाश डाला। केंद्र प्रमुख पारा पाटील, केदारे, सेवानिवृत्त प्राचार्य छबिल दास शाला दादर, सुधाकर खैरे (पतपेढ़ी संचालक), सुभाष आखाडे और सदानंद गायकवाड सहित अन्य वक्ताओं ने भी अपने शब्द सुमनों से उनका अभिनंदन किया।

वरिष्ठ समाजसेविका माताजी सौ. नीला गोविंद वाघ के आशीर्वाद से उच्च शिक्षित सामाजिक कार्यकर्ता विजय वाघ, संजय वाघ और मिलिंद वाघ भी कार्यक्रम में उपस्थित रहे। समारोह को संबोधित करते हुए विजय वाघ ने समाजसेवी शिक्षाविद चंद्रवीर बंशीधर यादव के कार्यों का उल्लेख करते हुए कहा कि उपनाम भिन्न हो सकते हैं, लेकिन आपसी संबंध परिवार जैसे ही होते हैं। इस अवसर पर यादव ने भी उपस्थित अतिथियों का सत्कार किया।

सत्कार मूर्ति दिनानाथ दुधसागरे ने अपने संबोधन में सभी के प्रति कृतज्ञता व्यक्त करते हुए सहयोग और स्नेह के लिए आभार जताया। उन्होंने अपने सेवा काल के अनुभव साझा करते हुए शिक्षा क्षेत्र में कार्य करने को सौभाग्य बताया।

कार्यक्रम का सुंदर और सुसंगठित संचालन बृहन्मुंबई महानगरपालिका शिक्षण विभाग सहकारी बैंक की संचालिका शोभा प्रविण गायकवाड ने किया। अंत में दुधसागरे की पत्नी तथा वरिष्ठ मुख्याध्यापिका प्रियंका दुधसागरे ने सभी उपस्थित अतिथियों और स्नेहियों के प्रति आभार व्यक्त किया।

समारोह का समापन स्नेह भोज के साथ हुआ, जहां सभी ने आत्मीय वातावरण में एक दूसरे से संवाद किया। पूरे आयोजन में सम्मान, आत्मीयता और गौरव का वातावरण बना रहा।

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