
मुंबई: मुंबई पुलिस की जोगेश्वरी इकाई ने एक पुराने और चर्चित हत्या मामले में बड़ी कामयाबी हासिल करते हुए 28 वर्षों से फरार चल रहे आरोपी को गिरफ्तार कर लिया है। वर्ष 1998 में दर्ज इस सनसनीखेज मामले में आरोपी लगातार कानून से बचता रहा, लेकिन अब पुलिस की सतर्कता और विशेष अभियान के चलते उसे आखिरकार हिरासत में ले लिया गया। गिरफ्तार आरोपी की पहचान अण्णादुरई उर्फ राजू करुणा देवर (55 वर्ष) के रूप में हुई है।
पुलिस से मिली जानकारी के अनुसार, वर्ष 1998 में जोगेश्वरी पुलिस थाने में हत्या से संबंधित कई गंभीर अपराध दर्ज किए गए थे। इस मामले में अण्णादुरई को उस समय गिरफ्तार भी किया गया था। हालांकि, बाद में अदालत से जमानत मिलने के बाद वह अचानक फरार हो गया। अदालत में लगातार अनुपस्थित रहने के कारण उसे भगोड़ा घोषित कर दिया गया था। इसके बाद से पुलिस कई वर्षों तक उसकी तलाश करती रही, लेकिन वह बार-बार अपना ठिकाना बदलकर गिरफ्त से बचता रहा।
समय के साथ मामला पुराना जरूर हो गया, लेकिन पुलिस रिकॉर्ड में यह केस सक्रिय बना रहा। फरार आरोपियों को पकड़ने के लिए हाल ही में मुंबई पुलिस द्वारा विशेष अभियान चलाया जा रहा था। इसी अभियान के तहत जोगेश्वरी पुलिस की टीम पुराने मामलों की फाइलों को खंगालते हुए आरोपियों की जानकारी जुटा रही थी। इसी दौरान पुलिस को गुप्त सूत्रों से सूचना मिली कि अण्णादुरई उर्फ राजू करुणा देवर जल्द ही विले पार्ले पश्चिम इलाके में आने वाला है।
सूचना मिलते ही जोगेश्वरी पुलिस थाने की त्वरित कार्रवाई टीम ने योजना बनाकर इलाके में जाल बिछाया। 3 फरवरी 2026 को पुलिस टीम ने सटीक कार्रवाई करते हुए आरोपी को मौके से हिरासत में ले लिया। लंबे समय से फरार चल रहे आरोपी की गिरफ्तारी पुलिस के लिए एक बड़ी सफलता मानी जा रही है।
पूछताछ के दौरान आरोपी ने हत्या के मामले में अपनी संलिप्तता स्वीकार कर ली। इसके बाद पुलिस ने उसे विधिवत गिरफ्तार कर लिया और आगे की कानूनी प्रक्रिया शुरू कर दी। इस गिरफ्तारी से 28 वर्षों से लंबित पड़े इस मामले में महत्वपूर्ण प्रगति हुई है और पुलिस को उम्मीद है कि अब इस केस का निपटारा जल्द हो सकेगा।
गिरफ्तार आरोपी अण्णादुरई उर्फ राजू करुणा देवर, उम्र 55 वर्ष, मूल रूप से नालासोपारा पश्चिम का निवासी है। उसका पता प्लॉट नंबर 208, बी.एन. 29, चार नंबर रोड, शनिमंदिर के पास, नालासोपारा पश्चिम, मुंबई बताया गया है।
यह पूरी कार्रवाई अतिरिक्त पुलिस आयुक्त परम जीत सिंह दहिया, पुलिस उपायुक्त दत्ता नलावाडे और सहायक पुलिस आयुक्त सम्पत राव पाटिल के मार्गदर्शन में की गई। जोगेश्वरी पुलिस थाने के वरिष्ठ पुलिस निरीक्षक इकबाल शिकलगार के नेतृत्व में गठित विशेष टीम ने इस ऑपरेशन को अंजाम दिया।
पुलिस अधिकारियों का कहना है कि लंबे समय से फरार चल रहे आरोपियों को पकड़ने के लिए इस तरह के विशेष अभियान आगे भी जारी रहेंगे। इस गिरफ्तारी ने न केवल एक पुराने मामले को नई दिशा दी है, बल्कि यह भी साबित किया है कि कानून से बचकर लंबे समय तक छिपे रहना संभव नहीं है।