मुंबई। मुंबई के ऐतिहासिक एल्फिंस्टन ब्रिज की जगह अब एक आधुनिक डबल डेकर ब्रिज आकार ले रहा है। 125 साल पुराने इस ब्रिज को हटाकर नया पुल बनाने का काम शुरू हो चुका है। मुंबई महानगर प्रदेश विकास प्राधिकरण (एमएमआरडीए) ने सितंबर 2026 तक इसका निर्माण कार्य पूरा करने का लक्ष्य तय किया है। इसके साथ ही शिवड़ी-वर्ली कनेक्टर प्रॉजेक्ट को भी गति मिलने की उम्मीद है, जो अब तक इसी ब्रिज के कारण अटका हुआ था।
एमएमआरडीए अधिकारियों के अनुसार, नए ब्रिज के दोनों ओर अप्रोच रोड का काम लगभग 60% पूरा हो चुका है। एल्फिंस्टन रेलवे ब्रिज की जगह 500 मीटर लंबा नया पुल बनाया जा रहा है, जिसमें 132.2 मीटर लंबा रेलवे सेक्शन होगा। ब्रिज की चौड़ाई 12.1 मीटर रखी गई है ताकि बढ़ते ट्रैफिक को आसानी से संभाला जा सके। शुक्रवार को एमएमआरडीए के कमिश्नर डॉ. संजय मुखर्जी ने निर्माण कार्य की प्रगति का निरीक्षण किया और काम को तय समयसीमा में पूरा करने के निर्देश दिए।
क्यों अहम है यह प्रॉजेक्ट?
दरअसल, 4.5 किलोमीटर लंबा शिवड़ी-वर्ली कनेक्टर करीब 65% तक बनकर तैयार हो चुका है। लेकिन कनेक्टर के मार्ग में आने वाले एल्फिंस्टन ब्रिज के कारण प्रॉजेक्ट अधर में लटका हुआ था। अब जब नया ब्रिज बनने लगा है, तो कनेक्टर प्रॉजेक्ट के 2026 तक पूरा होने की उम्मीद बढ़ गई है। यह कनेक्टर अटल सेतु को सीधे वर्ली-बांद्रा सी लिंक से जोड़ेगा, जिससे दक्षिण मुंबई और उपनगरों के बीच आवागमन बेहद सुगम हो जाएगा।
ट्रैफिक जाम से मिलेगी राहत
अटल सेतु से आने-जाने वाले वाहनों को तेज़ी से वर्ली तक पहुंचाने के लिए शिवड़ी-वर्ली कनेक्टर महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगा। एमएमआरडीए के अनुसार, इस प्रॉजेक्ट के शुरू होने के बाद अटल सेतु का लगभग 15% ट्रैफिक इसी मार्ग से गुजरेगा। इससे नवी मुंबई, ठाणे और दक्षिण मुंबई के बीच यात्रा समय में भारी कमी आने की संभावना है।
तीन बड़े प्रॉजेक्ट्स होंगे आपस में जुड़े
इस ब्रिज के पूरा होने के बाद मुंबई के तीन बड़े इन्फ्रास्ट्रक्चर प्रॉजेक्ट—अटल सेतु, बांद्रा-वर्ली सी लिंक और कोस्टल रोड—आपस में जुड़ जाएंगे। इससे शहर के ट्रांसपोर्ट नेटवर्क को नई दिशा मिलेगी और यात्रियों को ट्रैफिक के झंझट से मुक्ति मिलेगी।
स्थानीय लोगों को भी लाभ
नए डबल डेकर ब्रिज से न केवल ट्रैफिक व्यवस्था सुधरेगी, बल्कि आसपास के इलाकों में कनेक्टिविटी भी बढ़ेगी। एल्फिंस्टन रोड क्षेत्र के व्यापारिक इलाकों और दफ्तरों तक पहुंच आसान हो जाएगी। वहीं, उपनगरों की ओर जाने वाली सड़कों पर दबाव कम होगा।
एमएमआरडीए का दावा है कि यदि सब कुछ तय योजना के अनुसार चलता रहा तो सितंबर 2026 तक नया डबल डेकर ब्रिज और शिवड़ी-वर्ली कनेक्टर दोनों ही जनता के लिए खोल दिए जाएंगे। इसके साथ ही मुंबई के ट्रैफिक नेटवर्क में एक नई कड़ी जुड़ जाएगी, जो नवी मुंबई से लेकर वर्ली तक की दूरी मिनटों में तय करने में मदद करेगी।
