
मुंबई — शहर में कानून-व्यवस्था को मजबूत करने के उद्देश्य से मुंबई पुलिस ने एक बार फिर सख्त रुख अपनाते हुए कुख्यात आरोपी ‘तासु’ के खिलाफ व्यापक कार्रवाई की है। पुलिस रिकॉर्ड के अनुसार, आरोपी के खिलाफ महाराष्ट्र जुआ अधिनियम समेत विभिन्न धाराओं में कुल 9 आपराधिक मामले दर्ज हैं, जिनमें छेड़छाड़ के दो गंभीर प्रकरण भी शामिल हैं।
पुलिस अधिकारियों ने बताया कि आरोपी की आपराधिक गतिविधियों को देखते हुए उसे क्षेत्र से निष्कासित (extern) करने की प्रक्रिया शुरू की गई है। इस संबंध में महाराष्ट्र पुलिस अधिनियम की धारा 56(1)(a) के तहत प्रस्ताव तैयार कर मुंबई पुलिस के जोन 7 के पुलिस उपायुक्त कार्यालय से आगे की कार्रवाई के लिए भेजा गया था। इस धारा के अंतर्गत ऐसे व्यक्तियों के खिलाफ कार्रवाई की जाती है, जिनकी मौजूदगी से क्षेत्र में कानून-व्यवस्था प्रभावित होने की आशंका रहती है।
इसी के समानांतर प्रशासन ने आरोपी से जुड़े अवैध निर्माणों पर भी बुलडोजर चलाकर सख्त संदेश दिया है। विक्रोली के टैगोर नगर स्थित गाला नंबर 3815, चाल नंबर 305 में लगभग 5,000 वर्गफुट क्षेत्र में फैले ग्राउंड प्लस तीन मंजिला मकान को पूरी तरह ध्वस्त कर दिया गया। जांच में सामने आया कि यह इमारत अन्य व्यक्तियों के नाम पर खड़ी की गई थी और पूरी तरह अवैध थी।
इसके अलावा, गाला नंबर 2542, चाल नंबर 150 में स्थित एक जिम की इमारत पर भी कार्रवाई की गई। करीब 5,000 वर्गफुट क्षेत्र में बनी इस ग्राउंड प्लस तीन मंजिला संरचना को भी अवैध पाए जाने पर गिरा दिया गया। अधिकारियों का कहना है कि इस तरह के निर्माण न केवल नियमों का उल्लंघन करते हैं, बल्कि आसपास के नागरिकों की सुरक्षा के लिए भी खतरा बन सकते हैं।
यह संयुक्त कार्रवाई मुंबई के अतिरिक्त पुलिस आयुक्त (पूर्वी क्षेत्र) और जोन 7 के पुलिस उपायुक्त हेमराज सिंह राजपूत के मार्गदर्शन में अंजाम दी गई। अभियान के दौरान विक्रोली डिवीजन के सहायक पुलिस आयुक्त, विक्रोली पुलिस स्टेशन के वरिष्ठ पुलिस निरीक्षक तथा MHADA के अधिकारियों ने समन्वय के साथ काम किया।
पुलिस का कहना है कि इस कार्रवाई का उद्देश्य न केवल एक आरोपी के खिलाफ सख्त कदम उठाना है, बल्कि शहर में अवैध गतिविधियों और निर्माणों पर लगाम लगाना भी है। हाल के समय में मुंबई पुलिस द्वारा इस तरह की कार्रवाईयों में तेजी लाई गई है, जिससे आपराधिक तत्वों में डर का माहौल बना है।
अधिकारियों ने स्पष्ट किया कि भविष्य में भी ऐसे व्यक्तियों और अवैध निर्माणों के खिलाफ अभियान जारी रहेगा। नागरिकों से भी अपील की गई है कि वे किसी भी संदिग्ध गतिविधि या अवैध निर्माण की जानकारी तुरंत पुलिस या संबंधित प्रशासनिक विभाग को दें, ताकि समय रहते कार्रवाई की जा सके।
मुंबई पुलिस की इस सख्त कार्रवाई को शहर में कानून के राज को मजबूत करने की दिशा में एक अहम कदम माना जा रहा है।