
मुंबई। शहर के चर्चित NESCO कॉन्सर्ट ड्रग ओवरडोज मामले में पुलिस को बड़ी सफलता मिली है। फरार चल रहे मुख्य आरोपी महेश हीरा खेमलानी उर्फ “मार्क” को गुरुवार देर रात मुंबई एयरपोर्ट से गिरफ्तार कर लिया गया। वह बैंकॉक (थाईलैंड) से लौटते ही पुलिस के हत्थे चढ़ गया। वानराई पुलिस ने उसे हिरासत में लेकर आगे की जांच शुरू कर दी है।
यह मामला उस समय सुर्खियों में आया था, जब NESCO में आयोजित एक हाई प्रोफाइल कॉन्सर्ट के दौरान कथित ड्रग ओवरडोज के कारण दो MBA छात्रों की मौत हो गई थी। इस घटना ने शहर में अवैध नशीले पदार्थों की पहुंच और सुरक्षा व्यवस्था पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए थे। घटना के बाद से ही महेश खेमलानी फरार था और गिरफ्तारी से बचने के लिए देश छोड़कर थाईलैंड भाग गया था।
पुलिस सूत्रों के अनुसार, खेमलानी इस पूरे मामले में ड्रग सप्लाई चेन का एक अहम कड़ी माना जा रहा है। प्रारंभिक जांच में संकेत मिले हैं कि कॉन्सर्ट के दौरान अवैध नशीले पदार्थों की आपूर्ति में उसकी महत्वपूर्ण भूमिका रही हो सकती है। अधिकारियों का मानना है कि यह केवल एक व्यक्ति का मामला नहीं, बल्कि एक संगठित नेटवर्क का हिस्सा हो सकता है, जो बड़े आयोजनों को निशाना बनाकर नशीले पदार्थों की सप्लाई करता है।
गिरफ्तारी के बाद अब पुलिस खेमलानी से गहन पूछताछ कर रही है। जांच एजेंसियां यह जानने की कोशिश में जुटी हैं कि ड्रग्स की सप्लाई कहां से हो रही थी, इसमें कौन-कौन लोग शामिल हैं और इस नेटवर्क का दायरा कितना बड़ा है। पुलिस यह भी पता लगाने का प्रयास कर रही है कि क्या इस नेटवर्क के तार अंतरराष्ट्रीय स्तर तक जुड़े हुए हैं।
इस घटना ने एक बार फिर शहर में आयोजित बड़े इवेंट्स की सुरक्षा और निगरानी व्यवस्था पर सवाल खड़े कर दिए हैं। विशेषज्ञों का मानना है कि ऐसे आयोजनों में सख्त जांच, निगरानी और प्रवर्तन एजेंसियों के बीच बेहतर समन्वय की जरूरत है, ताकि इस तरह की घटनाओं को रोका जा सके।
फिलहाल पुलिस का फोकस पूरे ड्रग नेटवर्क का पर्दाफाश करने और इसमें शामिल सभी आरोपियों को कानून के दायरे में लाने पर है। अधिकारियों ने संकेत दिए हैं कि आने वाले दिनों में इस मामले में और भी गिरफ्तारियां हो सकती हैं।
NESCO कॉन्सर्ट कांड ने यह साफ कर दिया है कि शहर में नशे के खिलाफ सख्त कार्रवाई और जागरूकता दोनों की जरूरत है, ताकि युवाओं की जिंदगी को इस खतरे से बचाया जा सके।